तरंग प्रकाशिकी
किसी बिन्दुवत स्रोत से परिमित दुरी पर तरंगार्गे होता है
(a)गोलाकार
(b)बेलनकार
(c)समतल
(d)वृताकार
Ans-(a)
हाइगेन्स के अनुसार प्रकाश की तरंगे होती है
(a)यांत्रिक अनुदैर्ध्य
(b)यांत्रिक अनुप्रस्थ
(c)विधुत चुंबकीय
(d)यांत्रिक गोलीय
Ans-(a)
प्रकाश फोटोन की ऊर्जा होती है
(a)hv
(b)hv/c
(c)h/v
(d)v/h
Ans-(a)
द्वितीयक तरंगिकाओं की अवधारणा दी थी
(a)फ्रेनेल ने
(b)न्यूटन ने
(c)हाइगेन्स ने
(d)मैक्सवेल ने
Ans-(c)
प्रकाश के कणिका सिद्धांत के प्रतिपादक है
(A)फ्रेनेल ने
(b)न्यूटन ने
(c)हाइगेन्स ने
(d)मैक्सवेल ने
Ans-(b)
प्रकाश किस प्रकार के कंपनी से बनता है
(a)ईथर कण
(b)वायु कण
(c)विधुत चुंबकीय क्षेत्र
(d)इनमें से कोई नहीं
Ans-(c)
प्रकाश के तरंग गति सिद्धांत के अनुसार प्रकाश के वर्ण निर्णायक है
(A) आयाम
(b)तरंग की चाल
(c)आवृति
(d)तरंगदैर्ध्य
Ans-(c)
हाइड्रोजन परमाणु में इलेक्ट्रॉन का न्यूनतम कोणीय संवेग होगा
(a)h/π Js
(b)h/2π Js
(c)hπ Js
(d)2πh Js
Ans-(b)
लहर सिद्धांत और हस्तक्षेप
यंग के द्विछिद्र प्रयोग में छिद्रों की चौड़ाई तथा पर्दे से छिद्रों की दुरी दोनों दुगुनी कर दी जाती है तो फ्रिंज की चौड़ाई
(a)बढ़ जाएगी
(b)घट जाएगी
(c)अपरिवर्तित होगी
(d)इनमें से कोई नहीं
Ans-(c)
निर्वात से 6000Åतरंगदैर्ध्य का एकवर्षीय प्रकाश 1.5 अपवर्तनांक वाले एक माध्यम में प्रवेश करता है इस माध्यम में इसका तरंगदैर्ध्य होगा
(a)4000Å
(b)4500Å
(c)6000Å
(d)9000Å
Ans-(a)
एक पतले फिल्म का रंग का कारण है
(a)प्रकीर्णन
(b)व्यतिकरण
(c)वर्ण विक्षेपण
(d)विवर्तन
Ans-(b)
स्वस्थ आँख की विभेदन सीमा होती है
(a)1'
(b)1"
(c)1o
(d)0.5o
Ans-(a)
एक दूरदर्शी के अभिदृश्यक का व्यास 0.1 मीटर है तथा प्रकाश की तरंगदैर्ध्य 6000Å है इसकी विभेदन सीमा होगी लगभग
(a)6x10-14 रेडियन
(b)6x10-5 रेडियन
(c)6x10-6 रेडियन
(d)6x10-2 रेडियन
Ans-(c)
रचनात्मक व्यतिकरण के लिए किसी बिंदु पर पहुंचने वाली दो तरंगो के बीच कलांतर होना चाहिए
(a)शून्य
(b)π
(c)π/2
(d)3π/4
Ans-(a)
दो तरंगो जिनकी तीव्रताओं का अनुपात 9:1 है व्यतिकरण उत्पन्न करती है अधिकतम तथा न्यूनतम तीव्रताओं का अनुपात होगा
(a)10:8
(b)9:1
(c)4:1
(d)2:1
Ans-(c)
यंग के द्वि स्लिट प्रयोग में संतोषी व्यतिकरण उत्पन्न करने वाली तरंगों के बीच पथांतर का मान नहीं होता है
(a)nλ
(b)(n+1)λ
(c)(2n+1)λ
(d)(2n+1)λ/2
Ans-(d)
व्यतिकरण की घटना हो सकती है
(a)सभी तरंगो में
(b)केवल अनुप्रस्थ तरंगो में
(c)केवल अनुदैर्ध्य तरंगों में
(d)केवल अप्रगामी तरंगों में
Ans-(a)
तरंगदैर्ध्य की दो एकवर्णी प्रकाश तरंगों के मध्य संतोषी व्यतिकरण हेतु पथांतर होना चाहिए
(a)nλ
(b)(2n-1)λ/2
(c)n-λ
(d)(2n+1)λ/2
Ans-(a)
विनाशी व्यतिकरण के लिए पथांतर होना चाहिए
(a)nλ
(b)(2n+1)λ/2
(c)शून्य
(d)अनंत
Ans-(b)
जब प्रकाश की किरण एक अवरोधक के किनारों से मुड़ती है तो यह क्रिया कहलाती है
(a)अपवर्तन
(b)विवर्तन
(C)व्यतिकरण
(d)ध्रुवण
Ans-(b)
साबुन के बुलबुला सूर्य के प्रकाश में रंगीन दिखाई देता है इसका कारण है
(a)प्रकाश का वर्ण विक्षेपण
(b)प्रकीर्णन
(c)व्यतिकरण
(d)ध्रुवण
Ans-(c)
फ्रेनेल के द्वि प्रिज्म में कला संबंध स्रोत प्राप्त किये जाते है
(a)तरंगाग्र के विभाजन से
(b)आयाम के विभाजन से
(c)तरंगदैर्ध्य के विभाजन से
(d)इनमें से कोई नहीं
Ans-(a)
द्वि प्रिज्म के कोण को बढ़ाने से फ्रिंज की चौड़ाई
(a)बढ़ती है
(b)घटती है
(c)वही रहती है
(d)अनिश्चित है
Ans-(b)
किरचॉफ का द्वितीय नियम है
(a)आवेश का संरक्षण नियम
(b)ऊर्जा संरक्षण नियम
(c)संवेग संरक्षण नियम
(d)कोणीय संवेग संरक्षण नियम
Ans-(b)
ध्रुवीकरण की लहर
काँच की एक पट्टिका पर प्रकाश किरण 60o के कोण पर आपतित होती है यदि परावर्तित तथा अपवर्तित किरणे परस्पर लम्बवत हो तो पदार्थ का अपवर्तनांक है
(a)√3/2
(b)√3
(c)1/√3
(d)1/2
Ans-(b)
जिस घटना से प्रकाश तरंगों की प्रकृति निर्विवाद रूप से अनुप्रस्थ सिध्द होती है वह है
(a) व्यतिकरण
(b)विवर्तन
(c)ध्रुवण
(d)अपवर्तन
Ans-(c)
समतल ध्रुवित प्रकाश में कम्पनं होते है
(a)सभी दिशाओं में सामान
(b)केवल एक दिशा में
(c) परस्पर लंबवत दिशा में
(d)इनमें से कोई नहीं
Ans-(b)
बूस्टर का नियम है
(a)n=sin ip
(b)n=cos ip
(c)n=tan ip
(d)n=tan2 ip
Ans-(c)
ध्रुवण कोण की स्पशर्ज्या पदार्थ के अपवर्तनांक के बराबर है यह कहलाता है
(a)मेलस का नियम
(b)ब्रूस्टर का नियम
(c) ब्रैग का नियम
(d) कॉम्पटन का नियम
Ans-(b)
जीवाश्म की आयु पता की जाती है
(a) कार्बन डेटिंग से
(b)X-ray से
(c)गामा किरण से
(d)लेजर
Ans-(a)
Comments
Post a Comment